नेशनल डेस्क :- ओडिशा के पुरी में विश्व प्रसिद्ध भगवान जगन्नाथ रथयात्रा के दौरान शुक्रवार को भारी भीड़ के बीच भगदड़ मचने से एक श्रद्धालु की मौत हो गई, जबकि कई लोगों के घायल होने की सूचना है। लगातार हो रही बारिश के बावजूद लाखों श्रद्धालुओं की मौजूदगी में पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ रथयात्रा का शुभारंभ किया गया। प्रशासन ने पूरे मार्ग पर सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए थे, फिर भी हादसे ने उत्सव की खुशियों को फीका कर दिया।
यह भी पढ़ें…. E20 पेट्रोल से कार खराब, कंज्यूमर कोर्ट ने कहा गाड़ी या ₹20.50 लाख लौटायें – unique 24 news
पुरी (ए)। विश्व प्रसिद्ध भगवान जगन्नाथ रथयात्रा के दौरान शुक्रवार को रथों के आगे बढ़ने के कुछ ही समय बाद भारी भीड़ के बीच अचानक भगदड़ मच गई। हादसे में अनिल दास नामक श्रद्धालु की मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोगों के घायल होने की सूचना है। घायलों को तत्काल उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। प्रशासन ने घटना के बाद राहत एवं बचाव कार्य तेज कर दिया और भीड़ को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात किए।
रथयात्रा का शुभारंभ शाम 5:05 बजे भगवान बलभद्र के रथ तालध्वज के आगे बढ़ने के साथ हुआ। इसके बाद देवी सुभद्रा और भगवान जगन्नाथ के रथों को श्रद्धालुओं ने खींचा। यह यात्रा श्री जगन्नाथ मंदिर से लगभग तीन किलोमीटर दूर स्थित गुंडीचा मंदिर तक निकाली जा रही है।
पूरे दिन पुरी में तेज बारिश होती रही, लेकिन श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं आई। अनुमान के अनुसार यात्रा मार्ग पर 10 लाख से अधिक श्रद्धालु मौजूद रहे। भारी भीड़ और प्रतिकूल मौसम के बीच सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखना प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती साबित हुआ।
बारिश के कारण इस बार भगवान जगन्नाथ की पहांडी परंपरा में भी कुछ बदलाव देखने को मिले। भगवान को बिना मुकुट के मंदिर से बाहर लाया गया तथा पारंपरिक झुलाने की बजाय सावधानीपूर्वक और धीमी गति से उन्हें रथ तक पहुंचाया गया।
रथयात्रा प्रारंभ होने से पहले पुरी के गजपति महाराजा दिव्यसिंह देव ने परंपरा के अनुसार छेरा पहंरा की रस्म निभाई। उन्होंने सोने की झाड़ू से तीनों रथों के सामने मार्ग की सफाई कर भगवान के प्रति सेवाभाव और समर्पण का संदेश दिया। इसके बाद विधिवत रथयात्रा आरंभ हुई।
उधर, गुजरात के अहमदाबाद में भी भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा श्रद्धा और सुरक्षा के बीच निकाली गई। पिछले वर्ष हाथियों के बेकाबू होने की घटना को देखते हुए इस बार विशेष एहतियात बरते गए। हाथियों को नियंत्रित रखने के लिए उनके पैरों में जंजीरें लगाई गईं और खड़िया पोल क्षेत्र में लोगों की आवाजाही सीमित रखी गई।
अहमदाबाद के जमालपुर स्थित जगन्नाथ मंदिर में सुबह मंगला आरती के साथ धार्मिक अनुष्ठान शुरू हुए। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने आरती में भाग लिया। इसके बाद मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने पारंपरिक रूप से सोने की झाड़ू से मार्ग की सफाई कर रथयात्रा को रवाना किया।
देश दुनिया की ताजातरीन खबरों के लिए
हमारे यूट्यूब चैनल को सब्सक्राइब करें….

